केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने एनआरआई ग्राहकों को दी बड़ी राहत

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने एनआरआई ग्राहकों को बड़ी राहत देते हुए किसी भी तरह के भुगतान पर टीडीएस यानी स्रोत पर कर कटौती से बचने के लिए मैन्यूअल फॉर्म भरने का विकल्प दिया है. नए आदेश के अनुसार एनआरआई पैन नंबर के बिना मैन्युअल रूप से फॉर्म 10F फाइल कर सकेंगे. बता दें कि फॉर्म 10F फाइल करने की अंतिम तिथि 31 मार्च 2023 निर्धारित की गई है.

एनआरआई के लिए क्यों जरूरी है फॉर्म 10F
फॉर्म 10F उन एनआरआई की ओर से भरा जाता है जो बाहर रहते हुए भारत से भुगतान प्राप्त करते हैं, जिनके पास पैन नहीं है और एनआरआई के निवास प्रमाणपत्र विवरण की आवश्यकता होती है. यह फॉर्म उन्हें भारत में कमाई या मिले भुगतान पर टीडीएस से बचने में मदद करता है. बता दें कि भारत में एनआरआई द्वारा कमाया गया प्रत्येक रुपया आयकर अधिनियम 1961 के तहत टीडीएस प्रावधानों के अधीन है.

मैन्यूअल फाइलिंग की अनुमति मिली
अनिवासी भारतीयों (NRI) ने पैन नहीं होने के चलते ऑनलाइन फॉर्म 10F नहीं भर पाने की शिकायतें दर्ज कराई थीं. जिसके बाद केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने अनिवासी व्यक्तियों (NRI) को टीडीएस कटौती से छूट देते हुए मैन्युअल रूप से फॉर्म 10F दाखिल करने की अनुमति दी है. इससे पैन नहीं रखने वाले एनआरआई को एकमुश्त राहत भी मिली है. बोर्ड ने मैन्युअल रूप से फॉर्म 10F को फाइल करने की अंतिम तिथि 31 मार्च 2023 तय की है.

इंटरनेशनल टैक्स एंड ट्रांसफर प्राइसिंग, एसडब्ल्यू इंडिया के प्रैक्टिस लीडर सौरव सूद का कहना है कि सीबीडीटी द्वारा मैन्युअल रूप से फॉर्म 10F फाइल करने की छूट की पेशकश की गई है, क्योंकि पैन के बिना एनआरआई ई-फाइलिंग इनकम टैक्स पोर्टल पर इस फॉर्म को ऑनलाइन नहीं फाइल कर पा रहे थे. ई-फाइलिंग आयकर पोर्टल किसी व्यक्ति को खुद को पंजीकृत करने की अनुमति देने के लिए पैन मांगता है. बिना पैन के ये एनआरआई खुद को रजिस्टर करने और ऑनलाइन फॉर्म फाइल नहीं कर पा रहे थे.

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